लुधियाना के भारतीय विद्या मंदिर सीनियर सेकेंडरी स्कूल, दुगरी में तीज का पर्व पारंपरिक उत्साह के साथ मनाया गया। विद्यार्थियों ने रंग-बिरंगे परिधानों में पहुंचकर समारोह की रौनक बढ़ाई। नन्हे बच्चों के नृत्य, फैंसी ड्रेस, पंजाबी लोकगीत, मेहंदी प्रतियोगिता और हरियाणवी-पंजाबी लोकनृत्यों ने सांस्कृतिक रंग बिखेरे। प्रधानाचार्य ज्योति गर्ग ने विद्यार्थियों को भारतीय संस्कृति और परंपराओं को सहेजने के लिए प्रेरित किया।

लुधियाना : भारतीय विद्या मंदिर सीनियर सेकेंडरी स्कूल, दुगरी में तीज का पर्व पारंपरिक उत्साह और सांस्कृतिक रंगों के साथ मनाया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को तीज से जुड़ी भारतीय संस्कृति, परंपराओं और लोक विरासत से परिचित कराना रहा।

कक्षा नौवीं की छात्रा नवकीरत ने तीज के महत्व और भारतीय संस्कृति में इसके स्थान पर प्रकाश डाला। नर्सरी से पांचवीं कक्षा तक के विद्यार्थी रंग-बिरंगे पारंपरिक परिधानों में स्कूल पहुंचे और समारोह की रौनक बढ़ाई। नर्सरी से दूसरी कक्षा तक के नन्हे विद्यार्थियों ने मनमोहक नृत्य प्रस्तुतियां दीं। विद्यार्थियों ने फैंसी ड्रेस के जरिए भी अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया।

कक्षा छठी और सातवीं के विद्यार्थियों ने मधुर पंजाबी लोकगीत प्रस्तुत कर सभी का मन मोह लिया। वहीं, कक्षा दसवीं से बारहवीं तक के विद्यार्थियों ने मेहंदी प्रतियोगिता में उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए आकर्षक और रचनात्मक डिजाइनों का प्रदर्शन किया। कक्षा दसवीं के विद्यार्थियों ने हरियाणवी और पंजाबी लोकनृत्य प्रस्तुत कर माहौल को और भी उत्साहपूर्ण बना दिया।

प्रधानाचार्य ज्योति गर्ग ने विद्यार्थियों को भारतीय संस्कृति और परंपराओं को संजोने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि तीज जैसे त्योहार विद्यार्थियों को अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जोड़ने के साथ उनमें एकता, खुशी और परंपराओं के प्रति सम्मान की भावना भी विकसित करते हैं।