केंद्रीय मंत्रिमंडल की नियुक्ति समिति ने छह वरिष्ठ आईएएस अधिकारियों की नई जिम्मेदारियां तय की हैं। पल्लवी जैन गोविल को कॉरपोरेट मामलों का सचिव, दीप्ति गौर मुखर्जी को उच्च शिक्षा विभाग का सचिव बनाया गया है। सुनील पालिवाल युवा मामले विभाग संभालेंगे, जबकि अर्चना वर्मा को जल संसाधन विभाग की जिम्मेदारी मिली है। वीएल कंठा राव और अन्य अधिकारियों को भी नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।

नई दिल्ली (Naren Danu) :केंद्र सरकार ने प्रशासनिक स्तर पर बड़ा फेरबदल करते हुए छह वरिष्ठ आईएएस अधिकारियों को नई जिम्मेदारियां सौंपी हैं। केंद्रीय मंत्रिमंडल की नियुक्ति समिति (ACC) की मंजूरी के बाद जारी आदेश में मंत्रालयों के शीर्ष स्तर पर कई महत्वपूर्ण बदलाव किए गए हैं। इनमें पल्लवी जैन गोविल, दीप्ति गौर मुखर्जी, सुनील पालिवाल और वी.एल. कांताराव समेत छह अधिकारी शामिल हैं।

पल्लवी जैन गोविल को कॉरपोरेट मामलों की कमान

मध्य प्रदेश कैडर की 1994 बैच की आईएएस अधिकारी पल्लवी जैन गोविल को कॉरपोरेट मामलों के मंत्रालय का सचिव नियुक्त किया गया है। वह फिलहाल युवा मामले विभाग की सचिव थीं। अब वह दीप्ति गौर मुखर्जी की जगह यह जिम्मेदारी संभालेंगी।

गोविल के स्थान पर तमिलनाडु कैडर के 1993 बैच के आईएएस अधिकारी सुनील पालिवाल को युवा मामले विभाग का सचिव बनाया गया है। पालिवाल वर्तमान में भारतीय अंतर्देशीय जलमार्ग प्राधिकरण (IWAI) के अध्यक्ष हैं।

दीप्ति गौर मुखर्जी अब उच्च शिक्षा विभाग की सचिव

मध्य प्रदेश कैडर की 1993 बैच की आईएएस अधिकारी दीप्ति गौर मुखर्जी को शिक्षा मंत्रालय के उच्च शिक्षा विभाग का सचिव नियुक्त किया गया है। वह विनीत जोशी का स्थान लेंगी।

विनीत जोशी को पंचायती राज मंत्रालय का सचिव बनाया गया है।

IWAI के अध्यक्ष होंगे सुशील कुमार लोहानी

ओडिशा कैडर के 1995 बैच के आईएएस अधिकारी सुशील कुमार लोहानी को भारतीय अंतर्देशीय जलमार्ग प्राधिकरण का अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। फिलहाल वह कैबिनेट सचिवालय में विशेष कार्य अधिकारी के तौर पर कार्यरत हैं।

यह पद बंदरगाह, पोत परिवहन एवं जलमार्ग मंत्रालय के अधीन है। लोहानी को सचिव स्तर का पद और वेतन दिया जाएगा। इसके लिए अध्यक्ष का पद अस्थायी रूप से सचिव स्तर तक उन्नत किया गया है।

वी.एल. कांताराव को राजभाषा विभाग की जिम्मेदारी

मध्य प्रदेश कैडर के 1992 बैच के आईएएस अधिकारी वी.एल. कांताराव को जल संसाधन, नदी विकास एवं गंगा संरक्षण विभाग के सचिव पद से हटाकर गृह मंत्रालय के राजभाषा विभाग में विशेष कार्य अधिकारी नियुक्त किया गया है।

उन्हें सचिव स्तर का पद और वेतन मिलेगा। 30 सितंबर 2026 को अंसुली आर्या के सेवानिवृत्त होने के बाद कांताराव राजभाषा विभाग के सचिव का कार्यभार संभालेंगे।

अर्चना वर्मा को जल संसाधन विभाग की कमान

असम-मेघालय कैडर की 1995 बैच की आईएएस अधिकारी अर्चना वर्मा को जल शक्ति मंत्रालय के जल संसाधन, नदी विकास एवं गंगा संरक्षण विभाग का सचिव नियुक्त किया गया है। वह वी.एल. कांताराव की जगह लेंगी।

वर्मा वर्तमान में राष्ट्रीय जल मिशन की मिशन निदेशक के पद पर कार्यरत हैं।

इस फेरबदल के साथ केंद्र सरकार के कई महत्वपूर्ण मंत्रालयों और विभागों में वरिष्ठ प्रशासनिक नेतृत्व में बदलाव हुआ है।