सीबीआई ने 3 अगस्त को अवैध रिश्वत मांगने और स्वीकार करने के आरोप में किया था गिरफ्तार; विभाग ने आरोपों की गंभीरता और पुलिस छवि को नुकसान पहुंचाने का हवाला देते हुए दोनों अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से सेवा से हटाया, चंडीगढ़ पुलिस ने दोहराई भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति, कहा- अनुशासनहीनता पर होगी सख्त कार्रवाई।

चंडीगढ़ (अजीत झा.) : रिश्वतखोरी के मामले में सीबीआई के ट्रैप में गिरफ्तार चंडीगढ़ पुलिस के दो अधिकारियों पर विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए उन्हें तत्काल प्रभाव से सेवा से बर्खास्त कर दिया है। चंडीगढ़ पुलिस ने स्पष्ट किया है कि भ्रष्टाचार और अनुशासनहीनता के मामलों में किसी भी अधिकारी या कर्मचारी को बख्शा नहीं जाएगा और ऐसे मामलों में सख्त विभागीय कार्रवाई जारी रहेगी।

चंडीगढ़ पुलिस द्वारा गुरुवार को जारी प्रेस नोट के अनुसार, इंस्पेक्टर (एसआई) सुरेश कुमार (नंबर 1294/सीएचजी) और एएसआई भगत राम (नंबर 3338/सीपी) को केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने 3 अगस्त 2026 को अवैध रिश्वत मांगने और स्वीकार करने के आरोप में गिरफ्तार किया था। दोनों अधिकारियों के खिलाफ भ्रष्टाचार निरोधक कानून के तहत कार्रवाई की जा रही है।

पुलिस विभाग ने कहा कि आरोपों की गंभीरता, दोनों अधिकारियों के कथित कदाचार तथा उनके आचरण से पुलिस विभाग की छवि, ईमानदारी और अनुशासन पर पड़े प्रतिकूल प्रभाव को देखते हुए सक्षम प्राधिकारी ने दोनों को तत्काल प्रभाव से सेवा से बर्खास्त करने का निर्णय लिया।

चंडीगढ़ पुलिस ने अपने बयान में दोहराया कि विभाग भ्रष्टाचार के प्रति जीरो टॉलरेंस नीति पर काम करता है। पुलिस की निष्पक्षता, पारदर्शिता और जनता के विश्वास को प्रभावित करने वाले किसी भी कृत्य के खिलाफ कानून और विभागीय नियमों के अनुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

गौरतलब है कि सीबीआई ने 3 अगस्त को रिश्वतखोरी के मामले में कार्रवाई करते हुए दोनों पुलिस अधिकारियों को गिरफ्तार किया था। अब विभागीय जांच और कार्रवाई के तहत उन्हें सेवा से हटाकर स्पष्ट संदेश दिया गया है कि भ्रष्टाचार के मामलों में किसी भी स्तर पर समझौता नहीं किया जाएगा।