जीरकपुर: मिशन ग्रीन पंजाब अभियान के तहत ढकोली की पुरानी अंबाला रोड पर वन विभाग ने बड़े स्तर पर पौधारोपण अभियान शुरू किया है। फॉरेस्ट रेंज ऑफिसर जय सिंह के नेतृत्व में क्षेत्र में करीब 2000 पौधे लगाए जा रहे हैं। विभाग का उद्देश्य तेजी से विकसित हो रहे इलाके में हरित क्षेत्र बढ़ाकर पर्यावरण संरक्षण को मजबूत करना है। हालांकि पौधारोपण के साथ ही इन पौधों की सुरक्षा और संरक्षण सबसे बड़ी चुनौती बनकर सामने आया है।
वन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि पौधों की नियमित सिंचाई, देखभाल और निगरानी के लिए विशेष व्यवस्था की जाएगी। विभाग का दावा है कि पौधों के विकसित होने तक उनकी सुरक्षा सुनिश्चित की जाएगी, ताकि अभियान केवल औपचारिकता बनकर न रह जाए।
फॉरेस्ट रेंज ऑफिसर जय सिंह और जेई जितेंद्र सिंह ने चेतावनी दी कि लगाए गए पौधों को नुकसान पहुंचाने वालों के खिलाफ नियमों के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि पौधों को क्षति पहुंचाने पर जुर्माने के साथ कानूनी कार्रवाई भी की जाएगी। अधिकारियों ने स्थानीय लोगों से भी अभियान को सफल बनाने के लिए सहयोग की अपील की।
ग्रीन एरिया में टाइलें बिछाईं तो होगी कार्रवाई
वन विभाग ने स्पष्ट किया कि ढकोली-मुबारकपुर रोड पर सड़क किनारे वन विभाग का ग्रीन एरिया है। अधिकारियों ने कहा कि नगर परिषद नक्शा पास करते समय शोरूम मालिकों और अन्य निर्माणकर्ताओं को इसकी जानकारी दे, ताकि ग्रीन बेल्ट में इंटरलॉकिंग टाइलें बिछाने या अन्य प्रकार का अतिक्रमण न हो। जरूरत पड़ने पर पौधों की सुरक्षा के लिए कांटेदार तार भी लगाई जाएगी।
विकास और हरियाली के बीच संतुलन की चुनौती
ढकोली क्षेत्र में तेजी से बढ़ते निर्माण कार्य और व्यावसायिक गतिविधियों के बीच हरित क्षेत्रों के संरक्षण की चुनौती लगातार बढ़ रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि पहले भी ग्रीन बेल्ट पर अतिक्रमण और निर्माण को लेकर सवाल उठते रहे हैं। ऐसे में अब नजर इस बात पर रहेगी कि वन विभाग लगाए गए 2000 पौधों को अतिक्रमण, अवैध कटाई और निर्माण गतिविधियों से कितनी प्रभावी ढंग से सुरक्षित रख पाता है।
वन विभाग का कहना है कि "एक पौधा, एक बेहतर भविष्य" का संदेश तभी सार्थक होगा, जब लगाए गए पौधे सुरक्षित रहकर बड़े वृक्ष बनेंगे और आने वाले वर्षों में क्षेत्र की हरियाली बढ़ाएंगे।