जीरकपुर: बलटाना की एकता विहार कॉलोनी में घर के सामने कार खड़ी करने को लेकर चल रहा विवाद शनिवार शाम हिंसक हो गया। आरोप है कि कई युवकों ने एक परिवार पर हॉकी, बेसबॉल के डंडों और धारदार हथियारों से हमला कर दिया। घटना में अशोक चौहान, उनका बेटा तनिष्क और भांजा हनी घायल हो गए। तीनों को उपचार के लिए ढकोली के सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
अस्पताल में उपचाराधीन अशोक चौहान ने बताया कि वह करीब 25 वर्षों से एकता विहार स्थित अपने निजी मकान में रह रहे हैं। उनके घर से करीब दस मकान दूर रहने वाला एक किराएदार कथित तौर पर रोज अपनी कार उनके मकान के ठीक सामने खड़ी कर देता था। कई बार मना करने के बावजूद कार हटाकर खड़ी नहीं की गई।
अशोक चौहान ने बताया कि उनके बुजुर्ग माता-पिता लंबे समय से बीमार हैं और कई बार रात में उन्हें तुरंत अस्पताल लेकर जाना पड़ता है। घर के सामने कार खड़ी होने से वाहन निकालने और मरीज को अस्पताल पहुंचाने में परेशानी होती थी। आरोप है कि कार पार्किंग का विरोध करने पर दूसरे पक्ष ने उन्हें धमकियां देना शुरू कर दिया था।
पीड़ित के अनुसार, घटना के समय वह किसी काम से घर से बाहर गए थे। इसी दौरान उनके बेटे तनिष्क ने फोन कर बताया कि कुछ युवक लगातार घर के आसपास चक्कर लगा रहे हैं। वह तुरंत घर पहुंचे तो वहां मौजूद युवकों ने कथित रूप से उन पर हमला कर दिया।
अशोक चौहान ने आरोप लगाया कि हमलावरों ने उन्हें घायल करने के बाद घर में घुसकर उनके बेटे तनिष्क और भांजे हनी की भी पिटाई की। शोर सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और घायलों को अस्पताल पहुंचाया।
उन्होंने आरोप लगाया कि घटना के दौरान पुलिस को कई बार फोन किया गया, लेकिन पुलिस समय पर मौके पर नहीं पहुंची। हमलावरों के फरार होने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और एक किराएदार को पूछताछ के लिए साथ ले गई, लेकिन बाद में उसे छोड़ दिया गया।
पीड़ित परिवार ने आरोपितों की जल्द गिरफ्तारी, निष्पक्ष जांच और परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है। अशोक चौहान ने कहा कि घटना के बाद परिवार दहशत में है और उन्हें दोबारा हमला होने का डर सता रहा है।
बलटाना पुलिस चौकी के प्रभारी हरजिंदर सिंह ने बताया कि पुलिस घायलों की मेडिको-लीगल रिपोर्ट का इंतजार कर रही है। घायलों के बयान और एमएलआर मिलने के बाद तथ्यों के आधार पर बनती कानूनी कार्रवाई की जाएगी।