जगरांव के फीली गेट स्थित निजी चोपड़ा अस्पताल में वीरवार तड़के बदमाशों ने बड़ी वारदात को अंजाम दिया। मरीज बनकर पहुंचे युवकों ने डॉक्टर विजय चोपड़ा के साथ मारपीट की और हथियारों के बल पर उन्हें बंधक बनाने का प्रयास किया। आरोपियों ने अस्पताल से करीब डेढ़ लाख रुपये नकद, डॉक्टर की जेब से नकदी, सोने की अंगूठी और मोबाइल फोन लूट लिया। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

जगरांव (चरणजीत सिंह चन्न) : शहर के फीली गेट से रायकोट रोड स्थित एक निजी चोपड़ा अस्पताल में वीरवार तड़के एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है। खुद को मरीज बताकर अस्पताल में घुसे कुछ युवकों ने सुनियोजित तरीके से डॉक्टर के साथ मारपीट की, उन्हें बंधक बनाने का प्रयास किया और हथियारों के बल पर लाखों रुपये की नकदी, सोने की अंगूठी व मोबाइल फोन लूटकर फरार हो गए। इस दुस्साहसिक वारदात के बाद से पूरे इलाके में दहशत और चिंता का माहौल है।

​ऐसे रची गई लूट की साजिश:
​पीड़ित डॉ. विजय चोपड़ा ने जानकारी देते हुए बताया कि बुधवार शाम एक संदिग्ध युवक इलाज के बहाने उनके क्लिनिक पर आया था। प्राथमिक जांच के बाद जब उसे दवा दी गई, तो उसने ड्रिप लगवाने की इच्छा जताई और अगले दिन सुबह आने की बात कहकर चला गया।
​पूर्व नियोजित योजना के तहत, वीरवार सुबह करीब 7:15 बजे वही युवक पांच अन्य लोगों के साथ दोबारा क्लिनिक में आ धमका और ड्रिप लगाने के लिए दबाव बनाने लगा।

​हथियार के बल पर बंधक बनाने की कोशिश
​मारपीट और धमकाना: ड्रिप लगाने के कुछ समय बाद जब एक अन्य महिला मरीज दवा लेने आई और डॉक्टर क्लिनिक के पिछले हिस्से में जा रहे थे, तभी बदमाशों ने उन्हें दबोच लिया।

​मुंह दबाकर लूट: बदमाशों ने डॉक्टर का मुंह दबाकर हथियारों से डराया और क्लिनिक में रखी करीब डेढ़ लाख रुपये की नकदी, उनकी जेब में मौजूद 25 से 30 हजार रुपये, सोने की अंगूठी और मोबाइल फोन लूट लिया।

​परिजनों से हाथापाई: बदमाशों का आतंक यहीं नहीं रुका। आरोपी डॉक्टर के साथ जुड़े रिहायशी हिस्से में भी घुस गए, जहां उन्होंने डॉक्टर की पत्नी के साथ भी धक्का-मुक्की की और उनका गला दबाने की कोशिश की।

​शोर मचाने पर बाइक छोड़कर भागे लुटेरे:
​डॉक्टर की पत्नी के चीखने-चिल्लाने पर उनका बेटा तुरंत मौके पर पहुंच गया। बेटे को देख घबराए बदमाश मौके से फरार होने लगे। डॉ. चोपड़ा ने जब उनका पीछा किया, तो लुटेरे अपनी बाइक मौके पर ही छोड़कर भागने को मजबूर हो गए।

​पुलिस जांच में जुटी:
​घटना की सूचना मिलते ही थाना सिटी जगरांव के मुख्य प्रभारी इंस्पेक्टर परमिंदर सिंह पुलिस बल के साथ तुरंत मौके पर पहुंचे।

​पुलिस का बयान:
"मामले की गहनता से जांच की जा रही है। पीड़ित परिवार के बयान दर्ज कर लिए गए हैं। अस्पताल और आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है, साथ ही पुलिस ने मौके से DVR को भी अपने कब्जे में ले लिया है। तकनीकी और भौतिक साक्ष्यों के आधार पर जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।"