नई दिल्ली (Naren Danu) : अभिनेता दिलजीत दोसांझ अभिनीत और जसवंत सिंह खालरा के जीवन से प्रेरित बताई जा रही फिल्म ‘सतलुज’ को लेकर केंद्र सरकार ने सख्त रुख अपनाया है। सूत्रों के अनुसार सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने फिल्म के निर्माताओं के खिलाफ कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी है। आरोप है कि फिल्म को केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड (CBFC) की प्रक्रिया और सुझाए गए संशोधनों का पालन किए बिना बदले हुए शीर्षक के साथ रिलीज किया गया।
सूत्रों के मुताबिक केंद्र सरकार ने राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े पहलुओं को ध्यान में रखते हुए एक अंतर-मंत्रालयी समिति का गठन किया है। इस समिति में सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय, गृह मंत्रालय और कानून मंत्रालय के प्रतिनिधि शामिल हैं, जो फिल्म की सामग्री और रिलीज प्रक्रिया की समीक्षा कर रहे हैं।
मंत्रालय का आरोप है कि थिएटर रिलीज के लिए सीबीएफसी द्वारा सुझाए गए संशोधनों का पालन करने के बजाय फिल्म को नए नाम ‘सतलुज’ से ओटीटी प्लेटफॉर्म पर जारी कर दिया गया। मामले की समीक्षा के बाद सरकार फिल्म में संशोधन कराने, चेतावनी जारी करने या आवश्यक कानूनी प्रावधानों के तहत आगे की कार्रवाई पर निर्णय ले सकती है।
इस बीच केंद्रीय राज्य मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू ने भी फिल्म के निर्माताओं से फिल्म में किए गए कुछ दावों के समर्थन में दस्तावेजी साक्ष्य प्रस्तुत करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि यदि तथ्यों का प्रमाण नहीं दिया गया तो कानूनी कार्रवाई पर विचार किया जाएगा।
सूत्रों के अनुसार विवाद बढ़ने के बाद सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय के हस्तक्षेप के पश्चात फिल्म को ओटीटी प्लेटफॉर्म ZEE5 से हटाए जाने की प्रक्रिया शुरू की गई है। साथ ही पंजाब और अन्य राज्यों में फिल्म के कथित अनधिकृत सार्वजनिक प्रदर्शन को रोकने के लिए भी संबंधित एजेंसियां आवश्यक कदम उठा रही हैं।
नोट: इस मामले में सरकार की कार्रवाई और आरोपों पर फिल्म निर्माताओं की आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने आना अभी बाकी है।