पानीपत (निर्मल सिंह विर्क) : इंडियन ऑयल पानीपत रिफाइनरी कर्मचारी यूनियन द्वारा कर्मचारियों को मूलभूत सुविधाएं न देने और समस्याओं का समाधान न होने के कारण रिफाइनरी प्रशासन के खिलाफ गुस्सा फूट पड़ा। शुक्रवार शाम को कर्मचारी यूनियन के सदस्यों ने रिफाइनरी गेट पर एकत्रित होकर रिफाइनरी प्रशासनिक अधिकारियों के खिलाफ नारेबाजी करते हुए रिफाइनरी गेट पर धरना प्रदर्शन किया। रिफाइनरी कर्मचारी यूनियन ने रिफाइनरी प्रशासनिक अधिकारियों को चेताते हुए कहा कि अगर उनकी मांगे नहीं मानी गई तो यह धरना प्रदर्शन अनिश्चितकाल तक चलता रहेगा।
बता दें कि इंडियन ऑयल रिफाइनरी कर्मचारी यूनियन द्वारा मांगें मनवाने के लिए रिफाइनरी टाउनशिप में 29 जून को एक दिवसीय सांकेतिक धरना प्रदर्शन किया गया था। जिसमें रिफाइनरी कार्यकारी निदेशक एवं रिफाइनरी प्रमुख और मुख्य महाप्रबंधक मानव संसाधन के खिलाफ नारेबाजी की गई थी। कर्मचारी यूनियन द्वारा मांगे न मानने पर 7 दिन बाद अपने हकों की लड़ाई के लिए अनिश्चितकालीन आंदोलन करने की चेतावनी दी थी।
रिफाइनरी कर्मचारी यूनियन द्वारा दिए गए समय के अंदर रिफाइनरी प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा उनकी मांगे न मानने पर शुक्रवार को कर्मचारी यूनियन का गुस्सा फूट पड़ा और रिफाइनरी गेट पर एकत्रित होकर रिफाइनरी प्रशासनिक अधिकारियों के खिलाफ नारेबाजी करते हुए पी 25 प्रोजेक्ट गेट से कोको चौंक तक जुलूस निकाला गया।
प्रधान संपूर्ण सिंह ने कर्मचारियों को संबोधित करते हुए कहा कि हमने एक दिवसीय सांकेतिक हड़ताल में कहा था कि रिफाइनरी टाउनशिप में सभी लोगों के लिए मूलभूत सुविधा पीने का साफ पानी नहीं है जिसके लिए तुरंत आर.ओ. प्लांट लगवाया जाए। रिफाइनरी टाउनशिप में बहुत अधिक संख्या में आवारा कुत्ते घूमते हैं। जो आए दिन किसी न किसी को अपना शिकार बना लेते हैं। हम रिफाइनरी प्रशासन से मांग करते हैं कि आवारा कुत्तों का स्थाई समाधान करवाया जाए। दवाइयों की गुणवत्ता और मेडिकल लैब में सुधार करवाओ। सर्विस डिपार्टमेंट में मैनपावर की भर्ती करो, रिफाइनरी टाउनशिप एस्टेट ऑफिस की बदहाली दूर करो, पी.पी.3 प्लांट में ई.ओ. की नियुक्ति बंद करो आदि सहित हमारी दर्जन भर मांगें हैं जिनके लिए कर्मचारी यूनियन द्वारा धरना प्रदर्शन किया गया था। उन्होंने कहा कि 7 दिन की जगह 10 दिन बीत जाने के बाद भी हमारी मांगे नहीं मानी गई अब यह धरना प्रदर्शन अनिश्चितकाल तक चलता रहेगा।आंदोलन का जिम्मेदार खुद रिफाइनरी प्रशासन है।
बॉक्स - रिफाइनरी डे का करेंगे बहिष्कार।
उपस्थित कर्मचारियों को संबोधित करते हुए कर्मचारी यूनियन के प्रधान संपूर्ण सिंह ने कहा कि 12 जुलाई को रिफाइनरी डे है। जिसका हम कर्मचारी यूनियन के सदस्य डटकर विरोध करेंगे। उन्होंने कहा कि रिफाइनरी डे और इंडियन ऑयल डे पर कर्मचारियों को मिलने वाली सुविधाओं में भारी कटौती की गई है। जिस कारण हम रिफाइनरी प्रशासनिक अधिकारियों को रिफाइनरी डे नहीं मानने देंगे। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों के लिए पीने के पानी जैसी मूलभूत सुविधा का अभाव है और रिफाइनरी प्रशासनिक अधिकारी ऐश करें हम ऐसा नहीं होने देंगे। हम अपने हकों की लड़ाई के लिए संघर्ष निरंतर जारी रखेंगे।
इस अवसर पर उनके साथ दिनेश कुमार, पवन कुमार, मनोज कटियार, शुभम चौधरी, कृष्णा, प्रदीप कुमार, अमरपाल, ललित कुमार, टिंकू, चंदन, रवि प्रकाश आदि सहित कर्मचारी यूनियन के पदाधिकारी और सैंकड़ों की संख्या में यूनियन के सदस्य उपस्थित रहे।