तीन दिन में 1.04 करोड़ बच्चों को पिलाई जाएगी 'दो बूंद जिंदगी की', 59 हजार से अधिक बूथ और 75 हजार टीमें तैनात

जयपुर (Narendra Singh Danu) : राजस्थान में राष्ट्रीय पल्स पोलियो अभियान का रविवार को मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने मुख्यमंत्री निवास पर बच्चों को पोलियो की खुराक पिलाकर शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि पोलियो से बचाव का एकमात्र प्रभावी उपाय समय पर दवा की खुराक है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बच्चों के भविष्य पर गंभीर प्रभाव डाल सकती है।

मुख्यमंत्री ने अभिभावकों से अपील की कि वे अपने पांच वर्ष तक के सभी बच्चों को निकटतम पोलियो बूथ पर ले जाकर पोलियो की दवा अवश्य पिलाएं, ताकि कोई भी बच्चा इस सुरक्षा कवच से वंचित न रहे।

राज्य में 28 जून से 30 जून तक चलने वाले इस अभियान के तहत लगभग 1.04 करोड़ बच्चों को पोलियो की खुराक पिलाई जाएगी। इसके लिए प्रदेशभर में 59,217 पोलियो बूथ स्थापित किए गए हैं, जबकि 75,232 टीमों का गठन किया गया है। इनमें 7,011 ट्रांजिट टीमें और 9,004 मोबाइल टीमें भी शामिल हैं।

मुख्यमंत्री ने बताया कि अभियान के पहले दिन बच्चों को पोलियो बूथों पर दवा पिलाई जाएगी, जबकि अगले दो दिनों तक स्वास्थ्य विभाग की टीमें घर-घर जाकर जन्म से पांच वर्ष तक के बच्चों को पोलियो की खुराक देंगी। उन्होंने चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग को निर्देश दिए कि कोई भी पात्र बच्चा इस अभियान से छूटने न पाए।

इस दौरान मुख्यमंत्री ने बच्चों को पोलियो की दवा पिलाने के बाद चॉकलेट भी वितरित की तथा अभियान के पोस्टर 'दो बूंद हर बार, पोलियो पर जीत रहे बरकरार' का विमोचन किया।

उल्लेखनीय है कि भारत में पिछले 15 वर्षों से पोलियो का कोई नया मामला सामने नहीं आया है। देश को 27 मार्च 2014 को विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा पोलियो मुक्त घोषित किया गया था।

कार्यक्रम में ऊर्जा राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) हीरालाल नागर, अतिरिक्त मुख्य सचिव (मुख्यमंत्री) अखिल अरोड़ा, प्रमुख शासन सचिव चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग गायत्री राठौड़ सहित वरिष्ठ अधिकारी एवं अभिभावक उपस्थित रहे।