जगरांव (चरणजीत सिंह चन्न) : सिविल सर्जन लुधियाना डॉ. रमनदीप कौर के दिशा-निर्देशों और एस.एम.ओ. जगरांव डॉ. गुरविंदर कौर की अगुवाई में स्थानीय सरकारी अस्पताल में 'राष्ट्रीय डेंगू दिवस' मनाया गया। इस दौरान स्वास्थ्य विभाग द्वारा आम जनता को डेंगू बुखार के प्रति सचेत और जागरूक करने के लिए एक विशेष जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
साफ़ पानी भी बन सकता है आफ़त: सिविल सर्जन
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सिविल सर्जन डॉ. रमनदीप कौर ने कहा कि डेंगू फैलाने वाला 'एडीज' मच्छर साफ़ और ठहरे हुए पानी में पनपता है। उन्होंने जनता से भावुक अपील करते हुए कहा: "अपने घरों के आसपास पानी इकट्ठा न होने दें। कूलरों, गमलों और कबाड़ में पड़े बर्तनों को हफ्ते में कम से कम एक बार ज़रूर खाली करके सुखाएं। फ्रिज की वेस्ट-वॉटर ट्रे और पक्षियों के पीने वाले पानी के बर्तनों की भी नियमित सफ़ाई बेहद ज़रूरी है।"
डेंगू के मुख्य लक्षण और बचाव के उपाय:
अस्पताल के चिकित्सा विशेषज्ञों ने डेंगू के मुख्य लक्षणों पर प्रकाश डाला, ताकि समय रहते इसकी पहचान की जा सके:
तेज़ बुखार और गंभीर सिरदर्द
आंखों के पिछले हिस्से में दर्द होना
जोड़ों और मांसपेशियों में असहनीय दर्द
शरीर पर लाल रंग के चकत्ते (रैशेज) पड़ना।
विशेषज्ञों की सलाह: डेंगू का कोई सटीक एंटी-वायरल इलाज नहीं है, बल्कि इसके लक्षणों के आधार पर ही उपचार किया जाता है। इसलिए बचाव ही सबसे बड़ा इलाज है।
एंटी-लावा स्प्रे और मुफ़्त इलाज का दावा
जागरूकता अभियान के साथ-साथ स्वास्थ्य विभाग की टीम ने अस्पताल परिसर और आसपास के संवेदनशील इलाकों में एंटी-लार्वा स्प्रे का छिड़काव भी किया।
एस.एम.ओ. डॉ. गुरविंदर कौर ने लोगों को आश्वस्त करते हुए कहा कि यदि किसी भी व्यक्ति में डेंगू के लक्षण दिखाई दें, तो वे तुरंत नजदीकी सरकारी अस्पताल से संपर्क करें। सरकारी अस्पतालों में डेंगू का टेस्ट और इलाज पूरी तरह से मुफ़्त उपलब्ध है।
ओयह रहे उपस्थित
इस विशेष मौके पर डॉ. सगीना, डॉ. नवदीप, डॉ. धीरज, चीफ फार्मेसी अधिकारी बलजिंदर कुमार, नर्सिंग सिस्टर जसवीर कौर, स्टाफ नर्स रमनदीप कौर सहित सराभा नर्सिंग कॉलेज के छात्र-छात्राएं विशेष रूप से मौजूद रहे।