चंडीगढ़: हरियाणा में सार्वजनिक परिवहन को मजबूत करने के लिए बड़ा फैसला लिया गया है। हरियाणा रोडवेज के बेड़े में जल्द ही 1000 नई बसें शामिल की जाएंगी, जिनमें करीब 500 इलेक्ट्रिक (ईवी) बसें होंगी।
सरकार का कहना है कि इस पहल का उद्देश्य यात्रियों को बेहतर, सुरक्षित और पर्यावरण अनुकूल यात्रा सुविधा उपलब्ध कराना है। इलेक्ट्रिक बसों के शामिल होने से प्रदूषण में कमी आएगी और ईंधन लागत भी घटेगी।
मंगलवार को चंडीगढ़ में पत्रकारों से बातचीत में अनिल विज ने कहा कि परिवहन विभाग की सभी बसों में अत्याधुनिक ट्रैकिंग सिस्टम लगाया जाएगा, जिससे बसों की रियल टाइम मॉनिटरिंग संभव हो सकेगी। इसके साथ ही एयरपोर्ट की तर्ज पर बस अड्डों पर डिजिटल डिस्प्ले बोर्ड लगाए जाएंगे, ताकि यात्रियों को बसों के आगमन और प्रस्थान की सटीक जानकारी समय पर मिल सके।
परिवहन मंत्री अनिल विज ने कहा कि यात्रियों की सुविधा के लिए एक आधुनिक मोबाइल ऐप भी विकसित किया जा रहा है। इस ऐप के माध्यम से यात्री अपनी बस की लोकेशन, समय-सारणी और रूट संबंधी पूरी जानकारी मोबाइल पर ही प्राप्त कर सकेंगे तथा अपनी यात्रा की बेहतर योजना बना पाएंगे।
विज ने कहा कि नई तकनीक के माध्यम से बसों के निर्धारित रूटों पर भी निगरानी रखी जाएगी। यदि कोई चालक बस को गलत रूट पर ले जाता है या निर्धारित बस अड्डे पर नहीं पहुंचता, तो सिस्टम में तुरंत अलर्ट जारी होगा और संबंधित चालक से स्वत: स्पष्टीकरण मांगा जाएगा। इससे परिवहन व्यवस्था में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित होगी। उन्होंने बताया कि इस आधुनिक प्रणाली का ट्रायल वे स्वयं देख चुके हैं और जल्द ही इसे पायलट प्रोजेक्ट के रूप में किसी एक जिले में शुरू किया जाएगा।