स्पीकर, पंजाब विधान सभा ने कहा कि 16 मार्च 2026 को आम आदमी पार्टी सरकार ने अपने चार वर्ष पूरे कर लिए हैं और यह तारीख पंजाब की राजनीति के इतिहास में बेहद महत्वपूर्ण रहेगी। वर्ष 2022 के विधानसभा चुनावों में पंजाब के लोगों ने पूर्ण विश्वास के साथ हमारी पार्टी को सत्ता सौंपी और भगवंत सिंह मान पंजाब के मुख्यमंत्री बने।

स.कुलतार सिंह संधवां , स्पीकर, पंजाब विधान सभा ने कहा कि 16 मार्च 2026 को आम आदमी पार्टी सरकार ने अपने चार वर्ष पूरे कर लिए हैं और यह तारीख पंजाब की राजनीति के इतिहास में बेहद महत्वपूर्ण रहेगी। वर्ष 2022 के विधानसभा चुनावों में पंजाब के लोगों ने पूर्ण विश्वास के साथ हमारी पार्टी को सत्ता सौंपी और भगवंत सिंह मान पंजाब के मुख्यमंत्री बने।
उन्होंने कहा कि लोगों की अपेक्षाओं के अनुरूप नई बनी आप सरकार पारंपरिक राजनीति से अलग है। यह सरकार पारदर्शी, ईमानदार और जनहितकारी प्रशासन में विश्वास रखती है और अन्य दलों से पूरी तरह भिन्न है। चार वर्षों की इस अवधि में सरकार ने शिक्षा, स्वास्थ्य, बिजली, कृषि और रोजगार जैसे विभिन्न क्षेत्रों में अनेक महत्वपूर्ण पहलें की हैं।

उन्होंने कहा कि पंजाब के युवाओं को नशे से बचाने के लिए राज्य सरकार ने नशों के विरुद्ध व्यापक अभियान शुरू किया। वर्ष 2024 में राज्य के लोगों की समस्याओं के समाधान के लिए “भगवंत मान सरकार आपके द्वार” योजना शुरू की गई, जिसका उद्देश्य नागरिकों को उनके घर के पास सरकारी सेवाएं उपलब्ध कराना है। अब लोग 1076 हेल्पलाइन के माध्यम से जन्म, मृत्यु, आय, जाति प्रमाण पत्र, पेंशन, बिल भुगतान सहित 406 सेवाओं तक पहुंच प्राप्त कर सकते हैं।

स्वास्थ्य क्षेत्र में हुए बदलावों का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि सरकार ने लोगों को उनके घरों के निकट मुफ्त दवाइयां, परीक्षण और प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने के लिए “आम आदमी क्लीनिक” स्थापित किए हैं। वर्तमान में पूरे पंजाब में 842 से अधिक क्लीनिक कार्यरत हैं। इसके अलावा 23 मार्च 2022 को भ्रष्टाचार के विरुद्ध एक्शन लाइन शुरू की गई, जिसके तहत नागरिक व्हाट्सएप नंबर 9501200200 पर भ्रष्टाचार से संबंधित ऑडियो या वीडियो साक्ष्य भेजकर शिकायत दर्ज करवा सकते हैं, जिसकी जांच विजिलेंस ब्यूरो द्वारा की जाती है।

उन्होंने बताया कि 21 जनवरी 2023 को शुरू किए गए “स्कूल ऑफ एमिनेंस” प्रोजेक्ट का उद्देश्य सरकारी स्कूलों की शिक्षा को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाना है। इस परियोजना के अंतर्गत छात्रों को जेईई और नीट जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी मुफ्त करवाई जा रही है। पंजाब के सरकारी स्कूलों के शिक्षकों को उच्च स्तरीय प्रशिक्षण के लिए विदेश भी भेजा गया है ताकि वे विद्यार्थियों को आधुनिक और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा दे सकें। राज्य के 23 जिलों में कुल 118 स्कूल ऑफ एमिनेंस कार्यरत हैं।

उन्होंने आगे कहा कि राज्य सरकार ने नई औद्योगिक नीति 2026 पेश की है, जो पंजाब को उद्योगपतियों के लिए आकर्षक गंतव्य बनाएगी। उद्योगों की स्थापना के लिए अनुमतियां शीघ्र प्रदान करने हेतु फास्ट ट्रैक पंजाब पोर्टल शुरू किया गया है। जनवरी 2024 में रोड सेफ्टी फोर्स को भी कार्यशील बनाया गया, जो देश की पहली राज्य स्तरीय फोर्स है, जिसका उद्देश्य सड़क दुर्घटनाओं को कम करना और घायल व्यक्तियों को तत्काल सहायता प्रदान करना है।

उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार ने 27 नवंबर 2025 को आसान पंजीकरण प्रणाली शुरू कर नागरिकों को बड़ी सुविधा प्रदान की है।

कृषि क्षेत्र के बारे में बोलते हुए उन्होंने कहा कि कृषि पंजाब की अर्थव्यवस्था का मुख्य आधार है। किसानों के लिए सिंचाई सुविधाओं को बेहतर बनाने और कृषि सेवाओं को मजबूत करने के प्रयास किए गए हैं। फसल विविधीकरण को भी प्रोत्साहित किया जा रहा है ताकि किसानों की आय में वृद्धि हो सके। राज्य सरकार ने किसानों को गेहूं-धान के पारंपरिक चक्र से बाहर निकालने के लिए मूंग की फसल पर न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) प्रदान करने का निर्णय लिया, जिससे किसानों को अतिरिक्त आय का अवसर मिला है। साथ ही गन्ना उत्पादकों के पुराने बकाया का भुगतान किया गया और गन्ने के सरकारी मूल्य में ऐतिहासिक वृद्धि की गई।

उन्होंने कहा कि भूजल स्तर को बचाने के लिए धान की सीधी बुवाई (डीएसआर) अपनाने वाले किसानों को प्रति एकड़ 1500 रुपये की प्रोत्साहन राशि दी जा रही है। नहर नेटवर्क को भी मजबूत किया गया है ताकि उन क्षेत्रों तक पानी पहुंचाया जा सके जहां पिछले 30–40 वर्षों से पानी नहीं पहुंच पाया था। पराली प्रबंधन के लिए किसानों को सब्सिडी पर मशीनरी भी उपलब्ध करवाई जा रही है। प्राकृतिक आपदाओं के कारण फसल नुकसान के लिए मुआवजा राशि में 25 प्रतिशत वृद्धि की गई है और गिर्दावरी के तुरंत बाद किसानों के खातों में राशि भेजी जाती है। कृषि क्षेत्र के लिए मुफ्त बिजली की सुविधा भी जारी रखी गई है।
उन्होंने कहा कि युवाओं को रोजगार के अधिक अवसर प्रदान करना सरकार की प्रमुख प्राथमिकता रही है।

उन्होंने कहा कि पिछले चार वर्षों में विभिन्न सरकारी विभागों में बड़े पैमाने पर भर्तियां की गई हैं और हजारों युवाओं को पारदर्शी तरीके से नियुक्ति पत्र प्रदान किए गए हैं। साथ ही कौशल विकास केंद्रों को उन्नत किया गया है ताकि युवा आधुनिक उद्योगों की आवश्यकताओं के अनुसार प्रशिक्षण प्राप्त कर सकें। उद्यमिता को बढ़ावा देने के लिए सस्ते ऋण और सब्सिडी योजनाएं भी तैयार की गई हैं।

उन्होंने कहा कि पंजाब की राजनीति में एक नया अध्याय तब शुरू हुआ जब विधानसभा सत्र को चंडीगढ़ से बाहर निकालकर श्री आनंदपुर साहिब में आयोजित किया गया। यह कदम लोकतंत्र को जनता के करीब लाने और राज्य की धार्मिक-सांस्कृतिक विरासत को सम्मान देने के उद्देश्य से उठाया गया था। 24 नवंबर 2025 को गुरु तेग बहादुर के 350वें शहीदी पर्व को समर्पित विशेष विधानसभा सत्र भी आयोजित किया गया।
उन्होंने कहा कि राज्य में लागू 600 यूनिट मुफ्त बिजली योजना आम लोगों के लिए एक क्रांतिकारी कदम साबित हुई है। इस योजना के तहत प्रत्येक घरेलू उपभोक्ता को दो महीने के बिल के अनुसार प्रति माह 300 यूनिट यानी कुल 600 यूनिट मुफ्त बिजली मिलती है। यदि खपत 600 यूनिट से कम रहती है तो बिजली बिल शून्य आता है।

उन्होंने कहा कि राज्य सरकार द्वारा शुरू की गई स्वास्थ्य बीमा योजना भी एक ऐतिहासिक पहल है, जिसके तहत नागरिकों को 10 लाख रुपये तक का कैशलेस इलाज उपलब्ध कराया जाता है। यह योजना कैंसर, हृदय रोग और अन्य गंभीर सर्जरी जैसे उपचारों के लिए मजबूत वित्तीय सुरक्षा प्रदान करती है और इसमें सरकारी तथा कई निजी अस्पताल भी शामिल हैं।
उन्होंने यह भी कहा कि महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए सरकार ने नई पहलें शुरू की हैं।

सामान्य महिलाओं को 1000 रुपये तथा अनुसूचित जाति की महिलाओं को 1500 रुपये की आर्थिक सहायता देने की योजना बनाई गई है, जिससे उन्हें आर्थिक आत्मनिर्भरता और आत्मविश्वास मिलेगा।
अंत में उन्होंने कहा कि सरकार राज्य की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण के लिए भी प्रतिबद्ध है और इस दिशा में विभिन्न परियोजनाओं पर कार्य किया जा रहा है।

उन्होंने पंजाब के लोगों से राज्य की विरासत और मूल्यों की रक्षा के लिए आगे आने की अपील भी की।