कच्छ: भारतीय तटरक्षक बल और गुजरात एंटी टेररिस्ट स्क्वॉड ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए कच्छ में लगभग 100 किलो कोकीन बरामद की है। बरामद मादक पदार्थ की अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करोड़ों रुपये बताई जा रही है।
अधिकारियों के अनुसार, गुप्त सूचना के आधार पर समुद्री क्षेत्र में विशेष अभियान चलाया गया। कार्रवाई के दौरान संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखते हुए तस्करी के प्रयास को नाकाम किया गया। जांच एजेंसियों का मानना है कि मादक पदार्थ समुद्री रास्ते से भारत लाया जा रहा था।
गुजरात एटीएस के साथ संयुक्त रूप से चलाया गया यह पंद्रहवां नशीले पदार्थ विरोधी ऑपरेशन है, जो समुद्री सुरक्षा को मजबूत करने और नशा मुक्त भारत के राष्ट्रीय लक्ष्य को हासिल करने के प्रति उनकी अटूट प्रतिबद्धता की पुष्टि करता है। इसी क्रम में आईसीजी ने गुजरात एटीएस के समन्वय से 25-26 मई की रात के समय मुंद्रा तट के पास संयुक्त खुफिया आधारित तस्करी रोधी अभियान चलाया।
आईसीजी के कमांडर अमित उनियाल ने बताया कि इंटरसेप्टर नावों पर एटीएस के जवान भी सवार थे। अभियान के दौरान मुंद्रा से लगभग पांच नॉटिकल मील की दूरी पर लंगर डाले हुए कंटेनर जहाज 'एमवी यूरोप' पर कुछ संदिग्ध गतिविधियां देखी गईं। इस जहाज से कुछ थैलियों को समुद्र में फेंकते हुए देखा गया। तेज परिचालन प्रतिक्रिया और विभिन्न एजेंसियों के बीच बेहतरीन तालमेल का प्रदर्शन करते हुए आईसीजी और गुजरात एटीएस की संयुक्त टीम तुरंत उस स्थान पर पहुंची और रात के समय बेहद कम दृश्यता की अत्यंत चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों के बावजूद समुद्र से पांच थैलियां बरामद कीं।
उन्होंने बताया कि जांच करने पर इस थैलियों में एक सफेद पाउडर जैसे पदार्थ के पैकेट मिले, जिनकी जांच में कोकीन होने की पुष्टि हुई। इस ऑपरेशन के दौरान कुल 115 पैकेट जब्त किए गए, हर पैकेट का वजन लगभग एक किलोग्राम था। कुल मिलाकर जब्त किए गए नशीले पदार्थों का वजन लगभग 115 किलोग्राम था। इन नशीले पदार्थों की अनुमानित अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत लगभग 1150 करोड़ रुपये है। इसके बाद जहाज को आगे की जांच के लिए बंदरगाह पर लाया गया है।
मामले में आगे की जांच जारी है और तस्करी नेटवर्क से जुड़े लोगों की पहचान करने का प्रयास किया जा रहा है। सुरक्षा एजेंसियां यह भी पता लगाने में जुटी हैं कि बरामद कोकीन का स्रोत क्या था और इसे कहां पहुंचाया जाना था।