जीरकपुर में साइबर ठगों ने जस्ट डायल पर फर्जी लॉजिस्टिक्स कंपनी बनाकर ट्रांसपोर्ट कारोबारी से एक लाख रुपये ठग लिए। आरोपियों ने आर्मी का सामान हैदराबाद से लेह-लद्दाख पहुंचाने के लिए ट्रक उपलब्ध कराने का झांसा दिया था। दूसरे मामले में इंस्टाग्राम दोस्ती के बाद महिला को धमकाकर 50 लाख रुपये मांगने का आरोप है। साइबर थाना पुलिस ने दोनों मामलों में केस दर्ज कर डिजिटल साक्ष्यों की जांच शुरू की है।

मोहाली : साइबर ठगों ने ऑनलाइन प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल कर जीरकपुर के एक ट्रांसपोर्ट कारोबारी से एक लाख रुपये ठग लिए। आरोपियों ने जस्ट डायल पर फर्जी लॉजिस्टिक्स कंपनी बनाकर कारोबारी को झांसे में लिया और आर्मी का सामान हैदराबाद से लेह-लद्दाख पहुंचाने के लिए ट्रकों की व्यवस्था करने का भरोसा दिया। वहीं, साइबर थाना पुलिस ने एक अन्य मामले में इंस्टाग्राम पर दोस्ती के बाद महिला को धमकाकर 50 लाख रुपये की मांग करने के आरोप में फतहेगढ़ साहिब निवासी व्यक्ति के खिलाफ केस दर्ज किया है।

आर्मी का सामान पहुंचाने के नाम पर बनाया जाल

डेराबस्सी तहसील के गांव गुलाबगढ़ निवासी ट्रांसपोर्ट कारोबारी ने पुलिस को बताया कि उसकी जीरकपुर में गिल ट्रांसपोर्ट नाम से कंपनी है। उसे आर्मी का सामान हैदराबाद से लेह-लद्दाख पहुंचाने का काम मिला था। 25 अगस्त को वह जस्ट डायल पर ट्रकों की बुकिंग तलाश रहा था। इसी दौरान उसकी बातचीत सदाशिव लॉजिस्टिक्स नाम की कंपनी से हुई।

कंपनी के नाम से संपर्क करने वालों ने तीन ट्रक उपलब्ध होने की बात कही और कुल 1.86 लाख रुपये का बिल भेजा। इसमें 1.30 लाख रुपये पहले देने और बाकी रकम सामान पहुंचने के बाद देने की बात कही गई। इसके बाद आरोपियों ने व्हाट्सएप पर बैंक खाता भेजा। कारोबारी ने अपनी पत्नी के खाते से दो अलग-अलग बैंक खातों में कुल एक लाख रुपये ट्रांसफर कर दिए।

ड्राइवर ने खोली पोल, फिर बंद कर दिए फोन

रकम भेजने के करीब दो दिन बाद कारोबारी की बातचीत गुरप्रीत सिंह नाम के व्यक्ति से हुई, जिसने खुद को सदाशिव लॉजिस्टिक्स का ट्रक चालक बताया। जब कारोबारी ने आर्मी के सामान के बारे में पूछा तो उसने बताया कि कंपनी की तरफ से भुगतान नहीं किया गया है, इसलिए ट्रक बाहर नहीं निकल सकते।

इसके बाद कारोबारी ने कंपनी के नंबर पर संपर्क किया तो आरोपियों ने उससे और पैसे मांगे। बाद में फोन उठाना बंद कर दिया। शिकायतकर्ता के अनुसार, आरोपियों ने फर्जी कंपनी और फर्जी ड्राइवर बनकर उससे एक लाख रुपये की ठगी की। साइबर थाना पुलिस ने शिकायत के आधार पर ई-जीरो एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

इंस्टाग्राम दोस्ती के बाद शुरू हुआ धमकियों का सिलसिला

दूसरे मामले में डेराबस्सी के फोकल प्वाइंट की महिला ने पुलिस को बताया कि मई 2023 में उसकी इंस्टाग्राम पर फतेहगढ़ साहिब के भमासरी बुलंद निवासी रछपाल सिंह से दोस्ती हुई थी। करीब छह-सात महीने तक बातचीत होती रही। महिला के अनुसार, बाद में जब उसने उससे मिलने से इनकार किया तो आरोपी ने उसे इंस्टाग्राम पर धमकियां देना शुरू कर दिया।

महिला ने आरोप लगाया कि अप्रैल 2026 में आरोपी ने उसे धमकी दी कि अगर उसने बातचीत जारी नहीं रखी तो वह घर आकर उसे जहर खिला देगा और गोली मार देगा। 5 अगस्त को वह फेज-8 स्थित एचएलपी गैलेरिया में अपनी सहेलियों के साथ गई थी। आरोप है कि आरोपी उसका पीछा करते हुए वहां पहुंच गया और सड़क पर खड़े होकर उसे अपने साथ चलने के लिए धमकाने लगा।

घर पर भेजी फाइल, 50 लाख नहीं देने पर फोटो-वीडियो वायरल करने की धमकी

महिला के मुताबिक, 19 अगस्त को एक अज्ञात व्यक्ति उसके घर पर एक फाइल देकर गया। इसमें कई पन्नों पर संदेश लिखे थे। आरोप है कि उस व्यक्ति ने उसे धमकी दी कि 50 लाख रुपये नहीं दिए तो उसकी और रछपाल सिंह की फोटो व वीडियो सोशल मीडिया पर सार्वजनिक कर दी जाएंगी। इसके बाद महिला ने अपने पति को पूरी घटना बताई और पुलिस के पास शिकायत दी।

साइबर थाना पुलिस ने महिला के बयान के आधार पर रछपाल सिंह के खिलाफ बीएनएस की धारा 78, 308(2), 351(2) और 3(5) के तहत केस दर्ज किया है। पुलिस मामले में आरोपी की भूमिका, सोशल मीडिया चैट, कॉल और अन्य डिजिटल साक्ष्यों की जांच कर रही है।