कार्यक्रम के लिए उपलब्ध मंच संविधान, संवाद और संवेदना संगम, जहां से हरियाणा के भविष्य निर्माण का बुना जाता है सपना — विधानसभा उपाध्क्ष, डॉ. मिड्ढा
चंडीगढ़, 2 अप्रैल — हरियाणा विधानसभा के उपाध्यक्ष डॉ. कृष्ण लाल मिड्ढा ने राजधानी युवा संसद द्वारा हरियाणा विधानसभा सदन में हरियाणा युवा संवाद, 2025 कार्यक्रम के आयोजन के लिए संस्था से जुड़े सभी पदाधिकारियों का आभार व्यक्त किया, जिन्होंने इस कार्यक्रम के लिए हरियाणा का चयन किया है।
दो दिवसीय हरियाणा युवा संवाद का शुभारंभ करने उपरांत अपने संबोधन में डॉ. मिड्ढा ने कहा कि मेरे लिए सौभाग्य की बात है कि हरियाणा के उपाध्यक्ष होने के नाते देश के कोने —कोने से चयनित प्रतिभाशाली युवाओं को मुझे इस महान सदन में संवाद करने का अवसर प्राप्त हुआ है। यह मंच न केवल विचार—विमर्श का स्थल है बल्कि भविष्य की नीतियों की प्रयोगशाला है। उन्होंने कहा कि जहां यह सम्मेलन हो रहा है यह कोई साधारण मंच नहीं बल्कि यह संविधान, संवाद और संवेदना का संगम है। उन्होंने कहा कि जहां राज्य के भविष्य निर्माण का सपना बुना जाता है और उसे पूरा किया जाता है।
उन्होंने कहा कि तीन चरण के दौर से चयनित होकर हरियाणा विधानसभा सदन में 60 से अधिक युवा भाग ले रहे हैं जो न केवल अपने विचार सांझा करेंगे बल्कि समाज को किस प्रकार की दिशा देनी है और एक युवा अपने मन में इस बारे में क्या सोच रखता है वो इस मंच के माध्यम से हमारे सामने आएगी।
डॉ. मिड्ढा ने कहा कि यह अत्यंत हर्ष का विषय है कि चर्चा के लिए डिजिटल माध्यम से हरियाणा में विकास और विस्तार तथा हरियाणा राज्य और महिला सशक्तिकरण दो विषय लिए गए हैं। उन्होंने कहा कि अगर डिजिटल हरियाणा की बात करें तो हमे एक बात पर ध्यान देना होगा कि अगर दुनिया बदलनी है तो की-बोर्ड के साथ सोच भी बदलनी होगी। उन्होंने कहा कि आज का भारत युवा भारत है। युवाओं में जोश है और कुछ करने को तैयार हैं। युवा का अगर हम उल्टा करें तो वह वायु बनता हैं और वायु कितनी तेज गति से चलती है, वह हम सबको मालूम है।
उन्होंने कहा कि युवाओं को नौकरियों के पीछे भागने वाला नहीं बल्कि रोजगार पैदा करने वाला बनना होगा। युवाओं को क्या सिर्फ सोशल मीडिया पर शिकायत ही करेंगे या समाज को बदलने के लिए आगे भी आएंगे। डॉ. मिड्ढा ने कहा कि 21वीं सदी की पहचान सिर्फ तकनीक के प्रति सोच से होती है। आज किसान अपने खेत की मिट्टी की जांच ऑनलाइन करवा रहा है। दूर—दराज के गांव में बैठा एक विद्यार्थी विश्व के प्रतिष्ठित विश्वविद्यालय से ऑनलाइन पढ़ाई कर रहा है। एक महिला उद्यमी ऐप के माध्यम से अपना रोजगार चला रही है। हमें आज तकनीकी, डिजिटल, प्रशासनिक कौशल चाहिए। आज हमें ऐसी नीति चाहिए जो समावेशी हो, न्यायसंगत हो और दूरदर्शी हो। इन्हीं के संतुलन से हरियाणा का नया स्वरूप उभरेगा। सोशल मीडिया पर भय से ज्यादा समाज में समस्याओं का समाधान करने का कारक बने। यह डिजिटल हरियाणा की हकीकत बन सकती है अगर इस मंच पर उपस्थित आप जैसे युवा इस बदलाव के वाहक बने।
डॉ. मिड्ढा ने कहा कि हरियाणा संवाद का दूसरा विषय है कि हरियाणा राज्य महिला सशक्तिकरण बहुत ही स्टीक विषय है क्योंकि अगर हम महिला सशक्तिकरण की बात करें तो हमे यह बात याद रखनी होगी कि जहां नारी को अवसर मिलता है वहां सिर्फ घर नहीं पूरा राष्ट्र सशक्त होता है। उन्होंने कहा कि राष्ट्र की उन्नति तब तक संभव नहीं जब तक उसकी नारी शिक्षित, सुरक्षित और सशक्त न हो। उन्होंने कहा कि इसके लिए हमें केवल कानून नहीं चाहिए बल्कि इसके लिए मानसिक क्रांति की आवश्यकता है।
हरियाणा युवा संवाद कार्यक्रम में मुख्यातिथि के रूप में पहुंची कांग्रेस की विधायक श्रीमती गीता भुक्कल ने कहा कि युवा देश का उज्जवल भविष्य है। एक समय था जब साक्षर, ज्ञान को बढ़ाने के लिए साक्षरता मिशन चलाया गया। आज हम ई—गर्वेनेंस के युग में है। फिर भी हम ई—इलीट्रेट युवाओं को ई—पोर्टल के माध्यम से ई—गर्वेनेंस से विश्व की डिजिटल डेमोक्रेसी को आगे बढ़ाना है। लोकतंत्र में विधायी पालिका को कानून बनना ब्यूरोक्रेसी को कानूनों को क्रियान्वित करवाना तथा न्यायपालिका को इन कानूनों का लोगों को न्याय देना है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र भी एक शैडो कैबिनेट होती है जो सत्र के दौरान विभिन्न जनहित के मुद्दे उठाकर सरकार को सचेत करती है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 क्रियान्वित की जा रही है। उन्होंने कहा कि आज ई—कंटेंट के रूप में विषय —वस्तु उपलब्ध है। हमें इसे अपडेट रहना चाहिए। आज एआई का युग आ गया है आज दुनिया ई—विश्व बन गई है। उन्होंने विधानसभा कार्यवाही के प्रक्रिया के बारे भी युवाओं को विस्तृत जानकारी दी।