नशा मुक्ति केंद्र क्यों नहीं भेजे जा रहे हैं नशेड़ी, एक युवक ने तोड़ा दम
चरणजीत सिंह चन्न
जगराव 23 मार्च। नशा तस्करी के लिए बदनाम जगरांव शहर के इंदिरा कॉलोनी इलाके में रहने वाले एक व्यक्ति की नशे की तोड़ के कारण मौत होने का जानकारी सामने आई है। मृतक की पहचान सिकंदर सिंह (45 वर्ष) निवासी इंदिरा कॉलोनी के रूप में हुई है।
मृतक व्यक्ति के छोटे भाई ने जानकारी साझा करते हुए बताया कि सिकंदर सिंह उसका बड़ा भाई था। जो पिछले 10 वर्षों से नशा कर रहा था और अपनी लत को पूरा करने के लिए नशा बेचने का भी आदी था। पंजाब सरकार द्वारा युद्ध नशे विरुद्ध चलाए गए अभियान के कारण पिछले कुछ दिनों से उसे नशा नहीं मिल पाया। जिसके कारण वह कल अपने ससुराल के गांव सोढ़ीवाल चला गया, जहां उसकी मौत हो गई। काबिलेजिक्र है कि पिछले कुछ दिनों से पुलिस द्वारा की गई सख्ती और मोहल्ले की औरतों द्वारा खोले गए मोर्चे के कारण नशा तस्करी में चर्चित इंदिरा कॉलोनी में नशे की खरीद फरोख्त पर काफी हद तक विराम लग चुका है। मृतक के भाई ने बताया कि उसके भाई के तीन बच्चे हैं, जिनमें से दो लड़कियां शादीशुदा हैं और एक लड़का है। मृतक की मौत से जहां पूरा परिवार शोक में डूबा हुआ है, वहीं मृतक के भाई सिकंदर सिंह ने मोहल्ले की महिलाओं द्वारा नशे के खिलाफ छेड़ी गई मुहिम की सराहना करते हुए कहा कि मोहल्ले की महिलाओं द्वारा उठाए गए इस कदम से उनकी आने वाली पीढि़यां नशे के दलदल से बच सकेंगी।
हालांकि जानकारों का मानना है कि सरकार को नशे के आदि लोगों को नशा मुक्ति केंद्र भेजने के लिए गंभीर प्रयास करने चाहिए। ताकि सिकंदर की मौत के मामले जैसे और मामले सामने ना आ सकें।
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