रावी नदी में आई बाढ़ से अमृतसर जिले के करीब 40 गांव प्रभावित – सिविल , पुलिस , सेना और एनडीआरएफ टीमों द्वारा राहत कार्य जारी – उपायुक्त और जिला पुलिस प्रमुख सुबह 4 बजे से टीमों के साथ राहत कार्य में जुटे रहे ।

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अमृतसर 28 अगस्त 2025 —

रावी नदी में आई बाढ़ के कारण अजनाला तहसील के लगभग 40 गाँवों के लोग प्रभावित हुए हैं और डिप्टी कमिश्नर श्रीमती साक्षी साहनी और जिला पुलिस प्रमुख श्री मनिंदर सिंह के नेतृत्व में जिला प्रशासन ने आज सुबह 4 बजे से फिर से राहत कार्य शुरू कर दिया है , जिसमें सिविल प्रशासन के अलावा पुलिस, सेना और एनडीआरएफ की टीमें लगातार काम कर रही हैं। इस अवसर पर अतिरिक्त डिप्टी कमिश्नर श्री रोहित गुप्ता , एसडीएम अमृतसर श्री गुरसिमरन सिंह ढिल्लों , जिला राजस्व अधिकारी नवकीरत सिंह , जिला पंचायत अधिकारी श्री संदीप मल्होत्रा ​​अपनी-अपनी टीमों के साथ राहत कार्य में अथक परिश्रम कर रहे हैं।

ये टीमें बाढ़ प्रभावित गाँवों और शिविरों से लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुँचाने के लिए सेना के एटीओआर वाहनों, नावों और ट्रैक्टर ट्रॉलियों का इस्तेमाल कर रही हैं । अनुमान है कि बाढ़ से लगभग 14,000 लोग प्रभावित हुए हैं।

गौरतलब है कि 27 अगस्त की सुबह धुसी तटबंध को तोड़कर पानी आबादी वाले इलाकों में पहुँच गया था। कल पूरा दिन लोगों को उनके घरों से निकालकर सुरक्षित स्थानों पर पहुँचाने में बीता। देर रात तक डिप्टी कमिश्नर श्रीमती साक्षी साहनी , ज़िला पुलिस प्रमुख श्री मनिंदर सिंह , अतिरिक्त डिप्टी कमिश्नर श्री रोहित गुप्ता पानी से घिरे घरों से लोगों को निकालने का काम करते रहे।

आज, 28 अगस्त , सुबह 4 बजे डिप्टी कमिश्नर श्रीमती साक्षी साहनी और एडिशनल ड्यूटी कमिश्नर श्री रोहित गुप्ता अपनी टीमों के साथ अमृतसर से फिर रवाना हुए। रमदास, जहाँ से कल तक गाड़ियों का काफिला आगे बढ़ता था , आज पानी ने रास्ता रोक दिया है। गाड़ियाँ वहीं खड़ी कर दी गईं और अधिकारी-कर्मचारी ट्रैक्टरों पर आगे बढ़ गए। डिप्टी कमिश्नर के नेतृत्व में जवानों को साथ लेकर डिप्टी कमिश्नर भी गए ताकि लोगों को उनके घरों से निकालकर सुरक्षित स्थानों पर पहुँचाया जा सके।

कल रात किए गए प्रयासों के चलते आज सुबह-सुबह सेना के जवान भी पहुँच गए। उन्हें ऐसी परिस्थितियों से निपटने का प्रशिक्षण दिया गया है। इसके अलावा, एटीओआर वाहन , नावें और क्रेन भी वाहनों के फंसने की स्थिति में लगातार काम कर रहे हैं। फ़िलहाल, पानी में फंसे लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुँचाने का काम जारी है और उपायुक्त स्वयं इसका नेतृत्व कर रहे हैं। ज़िला प्रशासन ने गाँवों से लाए गए लोगों के लिए भोजन की भी व्यवस्था की है।

जिला पंचायत अधिकारी श्री संदीप मल्होत्रा ​​ने बताया कि इस पानी के कारण घोणेवाल , माछीवाल , निसोके , पंजगराई वाला , घुमराई , रुरेवाल , दरिया मूसा , मलकपुरा , गिलां वाली , बेदी छन्ना , चहरपुर , कामिरपुरा , बल लभे दरिया , साहोवाल , बाजवा , ढाई सिंगारपुरा , जगदेव खुर्द , चकवाला , भैणी गिलां. , नंगल अंब , गालिब , भदल , समराई , सुफियान , दुजोवाल , लंगरपुरा , मलकपुरा, पंडोरी , खतरा , रामदास और मोहम्मद गांव प्रभावित हुए हैं।

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